भारतीय क्रू वाले जहाज पर हमले से भड़का अमेरिका: 24 घंटे में दूसरी बार ईरान पर भीषण बमबारी, खाड़ी देशों में युद्ध के सायरन
पश्चिम एशिया (मिडल ईस्ट) में तनाव चरम पर पहुंच गया है और अमेरिका-ईरान के बीच हुआ युद्धविराम पूरी तरह से ध्वस्त होने की कगार पर है। होर्मुज जलडमरूमध्य (Strait of Hormuz) से गुजर रहे एक भारतीय क्रू मेंबर्स वाले कंटेनर जहाज पर ईरानी रिवोल्यूशनरी गार्ड्स (IRGC) के हमले के बाद अमेरिकी सेना ने महा-पलटवार किया है। अमेरिकी सेंट्रल कमान (CENTCOM) ने महज 24 घंटे के भीतर ईरान पर दूसरा सबसे बड़ा हवाई हमला बोल दिया है, जिससे पूरे खाड़ी क्षेत्र में तबाही का मंजर है।
ईरान के 8 शहरों में सुबह-सुबह जोरदार धमाके, खुजिस्तान प्रांत दहला
'अल जजीरा' की रिपोर्ट के अनुसार, सोमवार तड़के स्थानीय समयानुसार करीब 1:35 बजे अमेरिकी लड़ाकू विमानों और मिसाइलों ने ईरान के कम से कम 8 प्रमुख शहरों को एक साथ निशाना बनाया। ईरान के रणनीतिक रूप से महत्वपूर्ण खुजिस्तान प्रांत सहित कई इलाकों में सिलसिलेवार बमबारी हुई, जिससे पूरा क्षेत्र दहल उठा। ईरानी अधिकारियों के मुताबिक, इस ताजा हमले में नौसेना के एक अधिकारी की मौत हो गई है और कम से कम चार अन्य लोग गंभीर रूप से घायल हुए हैं। कई तटीय इलाकों में ईरानी नौसेना की लड़ाकू नावों को भी नेस्तनाबूद कर दिया गया है।
भारतीय क्रू वाले 'जीएफएस गैलेक्सी' जहाज पर ईरान ने दागी थी मिसाइल
इस पूरे विवाद की जड़ रविवार को हुआ वह हमला है, जब ईरान के आईआरजीसी ने होर्मुज स्ट्रेट से गुजर रहे साइप्रस के झंडे वाले 'जीएफएस गैलेक्सी' (GFS Galaxy) कंटेनर शिप पर हमला कर दिया था। इस हमले के बाद जहाज में भीषण आग लग गई। इस कमर्शियल शिप पर 11 भारतीय क्रू मेंबर्स सवार थे, जिनकी सुरक्षा और मौजूदा स्थिति को लेकर अभी तक कोई स्पष्ट जानकारी सामने नहीं आ पाई है। इसी के जवाब में अमेरिका ने रविवार को पहले चरण में ईरान के केशम द्वीप सहित 140 सैन्य ठिकानों, मिसाइल और ड्रोन लॉन्च साइट्स को तबाह किया था और अब सोमवार को दोबारा बम बरसाए हैं।
बदले की आग में ईरान का पलटवार, कुवैत, कतर और यूएई पर दागी मिसाइलें
अमेरिकी कार्रवाई से बौखलाए ईरान ने खाड़ी के अन्य देशों पर भी मिसाइल हमले शुरू कर दिए हैं। सोमवार सुबह बहरीन में अचानक हवाई हमले के सायरन बजने लगे, जिसके बाद बहरीन सरकार ने देश में अलर्ट जारी कर नागरिकों को घरों के अंदर रहने की हिदायत दी है। इसके अलावा ईरान ने अमेरिका के सहयोगी माने जाने वाले कुवैत, कतर, संयुक्त अरब अमीरात (UAE) और जॉर्डन के इलाकों को भी निशाना बनाया है। इन जवाबी हमलों के बाद खाड़ी देशों में बड़े पैमाने पर तबाही की आशंका है और वैश्विक स्तर पर कच्चे तेल की आपूर्ति ठप होने का खतरा मंडरा रहा है।