मंगेतर सिया के पिता से 12 घंटे की मैराथन पूछताछ, अफेयर पर तोड़ी चुप्पी; वकील ने ठोंका 10 करोड़ का मानहानि नोटिस
महाराष्ट्र के बहुचर्चित केतन अग्रवाल हत्याकांड में हर बीतते दिन के साथ चौंकाने वाले मोड़ सामने आ रहे हैं। इस मर्डर मिस्ट्री को सुलझाने में जुटी पुणे पुलिस ने अब मुख्य आरोपी सिया गोयल के पिता प्रवीण गोयल को हिरासत में लेकर लगातार 12 घंटे तक कड़ी पूछताछ की है। इस मैराथन पूछताछ के दौरान पिता ने बेटी के प्रेम संबंधों और शादी को लेकर कई हैरान करने वाले खुलासे किए हैं।
"27 गुण मिले थे, अफेयर का पता होता तो शादी कभी न करते"
सिया गोयल के पिता प्रवीण गोयल ने पुलिस और मीडिया के सामने अपनी बेगुनाही का दावा करते हुए कहा कि उन्हें अपनी बेटी और सह-आरोपी चेतन चौधरी के अफेयर के बारे में दूर-दूर तक कोई भनक नहीं थी। उन्होंने बताया, "अगर मुझे जरा सा भी अंदाजा होता कि सिया और चेतन रिलेशनशिप में हैं, तो मैं तुरंत एक्शन लेता। मैं दोनों परिवारों से बात करता और केतन के साथ सिया की शादी के फैसले पर दोबारा विचार करता।"
प्रवीण गोयल ने यह भी खुलासा किया कि केतन और सिया की शादी तय करने से पहले बकायदा ज्योतिषियों से दोनों की कुंडली का मिलान कराया गया था। कुंडली में 27 गुण मिलने के बाद ही पूरे परिवार की सहमति से इस रिश्ते को हरी झंडी दी गई थी और इसी साल नवंबर में दोनों की शादी होने वाली थी।
लोहागढ़ किले की खाई में धकेला, मंगेतर के पास था मोबाइल
पुलिस जांच के मुताबिक, यह खौफनाक वारदात 18 जून को पुणे जिले के ऐतिहासिक लोहागढ़ किले पर अंजाम दी गई थी। आरोपी सिया गोयल (20) और उसके कथित प्रेमी चेतन चौधरी (22) ने एक सोची-समझी साजिश के तहत केतन अग्रवाल को किले की एक गहरी खाई में धक्का दे दिया था, जिससे उसकी मौत हो गई।
जांच में एक और बड़ा खुलासा यह हुआ है कि हत्या के बाद केतन का मोबाइल फोन कुछ समय तक उसकी मंगेतर सिया के पास ही था, जिसे बाद में उसने अग्रवाल परिवार को सौंप दिया। पुलिस को शक है कि इस दौरान फोन से कई महत्वपूर्ण डिजिटल सबूत मिटाए या नष्ट किए गए हैं। इसी सबूत की तलाश के लिए पुलिस ने दोनों की रिमांड बढ़ाने की मांग की है। फिलहाल दोनों आरोपी 3 जुलाई तक पुलिस हिरासत में हैं और पुलिस ने बुधवार को चेतन को साथ ले जाकर क्राइम सीन रीक्रिएट (दृश्य रूपांतरण) भी किया है।
कानूनी जंग में नया ट्विस्ट: वकील ने भेजा 10 करोड़ का नोटिस
इस हाई-प्रोफाइल मामले में अब एक नया कानूनी विवाद भी खड़ा हो गया है। पिछले कुछ दिनों से एडवर्टाइजिंग और मीडिया चैनलों पर खुद को सिया का आधिकारिक वकील बताने वाले आशुतोष श्रीवास्तव को गोयल परिवार ने तगड़ा झटका दिया। सोमवार को सिया के परिवार ने वडगांव मावल अदालत में स्पष्ट किया कि उन्होंने श्रीवास्तव को नियुक्त नहीं किया है और अब उनकी पैरवी अधिवक्ता विपुल दुशिंग करेंगे।
इस बात से नाराज होकर वकील आशुतोष श्रीवास्तव ने सिया के भाई साहिल गोयल को 10 करोड़ रुपये का मानहानि का नोटिस भेज दिया है। श्रीवास्तव का आरोप है कि परिवार ने उन्हें बदनाम करने और लोगों को गुमराह करने की कोशिश की है, जिसके लिए उन्हें बिना शर्त माफी मांगनी होगी।