भारतीय सेना को मिली बड़ी कामयाबी, जम्मू-कश्मीर में लश्कर-ए-तैयबा का शीर्ष पाकिस्तानी कमांडर ढेर
जम्मू-कश्मीर में आतंकवाद के खिलाफ जारी 'जीरो टॉलरेंस' अभियान के तहत भारतीय सेना और जम्मू-कश्मीर पुलिस के संयुक्त मोर्चे को एक और बड़ी और निर्णायक सफलता हाथ लगी है। सुरक्षाबलों ने एक भीषण मुठभेड़ में प्रतिबंधित आतंकी संगठन लश्कर-ए-तैयबा (Lashkar-e-Taiba) के एक कुख्यात और मोस्ट वॉन्टेड पाकिस्तानी कमांडर को मार गिराया है।
यह मुठभेड़ घाटी के संवेदनशील इलाके में उस वक्त शुरू हुई, जब खुफिया एजेंसियों से मिले पुख्ता इनपुट के आधार पर सुरक्षाबलों ने इलाके को घेरकर सघन तलाशी अभियान (CASO) शुरू किया। मारे गए पाकिस्तानी कमांडर के पास से आधुनिक हथियार, एके-सीरीज की राइफलें, मैगजीन, ग्रेनेड और अन्य आपत्तिजनक दस्तावेज बरामद किए गए हैं।
कैसे अंजाम दिया गया यह सटीक ऑपरेशन?
सुरक्षाबलों द्वारा इस ऑपरेशन को बेहद गोपनीय और पेशेवर तरीके से अंजाम दिया गया:
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सटीक खुफिया जानकारी पर कार्रवाई: खुफिया एजेंसियों को इलाके में लश्कर के एक टॉप पाकिस्तानी आतंकी के छिपे होने और किसी बड़ी साजिश को अंजाम देने की योजना का सुराग मिला था। इसके तुरंत बाद सेना की राष्ट्रीय राइफल्स (RR), जम्मू-कश्मीर पुलिस के स्पेशल ऑपरेशंस ग्रुप (SOG) और सीआरपीएफ की संयुक्त टुकड़ी ने इलाके की घेराबंदी कर दी।
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घेरा सख्त होते ही आतंकियों ने की फायरिंग: सुरक्षाबलों ने जब संदिग्ध ठिकाने की ओर बढ़ना शुरू किया, तो खुद को घिरता देख अंदर छिपे आतंकी ने अंधाधुंध गोलियां बरसानी शुरू कर दीं और सुरक्षाबलों पर ग्रेनेड फेंके।
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जवाबी कार्रवाई में हुआ खात्मा: सुरक्षाबलों ने नागरिकों की सुरक्षा को प्राथमिकता देते हुए पहले आसपास के घरों से स्थानीय निवासियों को सुरक्षित बाहर निकाला। इसके बाद दी गई जवाबी कार्रवाई में कई घंटों तक चली भीषण गोलीबारी के बाद लश्कर का यह शीर्ष पाकिस्तानी कमांडर मारा गया।
कई हमलों और स्थानीय युवाओं के ब्रेनवॉश में था शामिल
अधिकारियों के अनुसार, मारा गया पाकिस्तानी कमांडर घाटी में लश्कर-ए-तैयबा के नेटवर्क की रीढ़ माना जाता था:
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सीमा पार से मिला था जिम्मा: वह पाकिस्तान से सीधे निर्देश प्राप्त कर रहा था और सीमा पार से आने वाले नए घुसपैठियों को सुरक्षित ठिकाने और हथियार मुहैया कराने का काम करता था।
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नागरिकों और सुरक्षाकर्मियों पर हमले: जांच एजेंसियों के अनुसार, यह कमांडर गैर-स्थानीय मजदूरों, सुरक्षाबलों के गश्ती दलों और निर्दोष नागरिकों पर हुए हालिया हमलों के षड्यंत्र में सीधे तौर पर शामिल था।
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हथियारों का जखीरा बरामद: मुठभेड़ स्थल से भारी मात्रा में अत्याधुनिक असलहा और विस्फोटक सामग्री बरामद की गई है, जिससे यह साफ संकेत मिलता है कि आतंकी किसी बड़े हमले की फिराक में थे।
सुरक्षाबलों का सर्च ऑपरेशन जारी
मुठभेड़ खत्म होने के बाद भी सुरक्षाबलों ने पूरे इलाके में तलाशी अभियान जारी रखा है, ताकि यह सुनिश्चित किया जा सके कि उसका कोई अन्य साथी आसपास छिपा न हो।
घाटी में सुरक्षाबलों की इस त्वरित और सफल कार्रवाई को आतंकवाद के ताबूत में एक और बड़ी कील माना जा रहा है। स्थानीय पुलिस और सेना के वरिष्ठ अधिकारियों ने दोहराया है कि जम्मू-कश्मीर में शांति और सुरक्षा को भंग करने की किसी भी आतंकी साजिश को पूरी ताकत के साथ कुचल दिया जाएगा।