'सुपरस्टार होकर भी वो रोती रहीं...' जब पैकअप के बाद हर दिन फोन पर आंसू बहाती थीं श्रीदेवी, बेटी जाह्नवी कपूर ने सालों बाद खोला वो भावुक राज

'सुपरस्टार होकर भी वो रोती रहीं...' जब पैकअप के बाद हर दिन फोन पर आंसू बहाती थीं श्रीदेवी, बेटी जाह्नवी कपूर ने सालों बाद खोला वो भावुक राज

बॉलीवुड की 'चांदनी' यानी दिवंगत अभिनेत्री श्रीदेवी आज भले ही हमारे बीच नहीं हैं, लेकिन उनसे जुड़े किस्से आज भी उनके फैंस को भावुक कर देते हैं। हाल ही में उनकी बड़ी बेटी और अभिनेत्री जाह्नवी कपूर ने अपनी मां के जीवन से जुड़ा एक ऐसा दिल छू लेने वाला खुलासा किया है, जिसने सबको हैरान कर दिया है। जाह्नवी ने बताया कि कैसे एक समय देश की सबसे बड़ी मेगास्टार होने के बावजूद श्रीदेवी के लिए अपने परिवार और बच्चों की खुशियों से बढ़कर इस दुनिया में कुछ भी नहीं था। हालात ऐसे थे कि एक बार काम के सिलसिले में परिवार से दूर रहने के दौरान वे इतनी दुखी हो गईं कि लगातार एक हफ्ते तक रोज फोन पर रोती रहीं।

यह पूरा वाकया उस समय का है जब जाह्नवी कपूर इन दिनों अपनी आने वाली फिल्म 'पेड्डी' (Peddi) के प्रमोशन में व्यस्त हैं। इस फिल्म में वे साउथ के ग्लोबल स्टार राम चरण के साथ नजर आने वाली हैं। दिलचस्प बात यह है कि जाह्नवी के माता-पिता यानी श्रीदेवी और बोनी कपूर के साथ-साथ राम चरण के पिता चिरंजीवी भी गुजरे जमाने में कई सुपरहिट फिल्मों में एक साथ स्क्रीन शेयर कर चुके हैं। अब सालों बाद दोनों की अगली पीढ़ी एक साथ बड़े पर्दे पर धमाल मचाने को तैयार है।

जब खुशी का बर्थडे मिस होने पर टूट गई थीं लेडी सुपरस्टार

एक प्रमोशनल इंटरव्यू के दौरान जाह्नवी कपूर अपनी मां को याद करते हुए काफी इमोशनल हो गईं। उन्होंने उस दौर का जिक्र किया जब श्रीदेवी अपनी सुपरहिट कमबैक फिल्म 'इंग्लिश-विंग्लिश' की शूटिंग कर रही थीं। जाह्नवी ने बताया कि मां ने फिल्म का पूरा शेड्यूल इस तरह से डिजाइन करवाया था कि वह बच्चों की गर्मियों की छुट्टियों (समर वैकेशन) के दौरान ही खत्म हो जाए ताकि बच्चों की पढ़ाई और उनका साथ प्रभावित न हो। लेकिन किस्मत को कुछ और ही मंजूर था।

कुछ तकनीकी वजहों से फिल्म का न्यू यॉर्क शेड्यूल थोड़ा आगे खिंच गया और वह बच्चों की छुट्टियों के साथ मैच नहीं कर पाया। नतीजा यह हुआ कि श्रीदेवी को अपनी छोटी बेटी खुशी कपूर और पति बोनी कपूर का जन्मदिन अकेले ही न्यू यॉर्क में रहकर बिताना पड़ा। जाह्नवी ने बताया कि अपनी छोटी बेटी के जन्मदिन पर उसके पास न होने का गम श्रीदेवी को इस कदर सता रहा था कि वह पूरी तरह टूट गई थीं। न्यू यॉर्क में हर दिन शूटिंग खत्म होने और पैकअप होने के बाद वे घर पर फोन करती थीं और लगातार एक हफ्ते तक वह रोज फोन पर फूट-फूटकर रोती थीं। जाह्नवी कहती हैं कि आप सोच भी नहीं सकते कि जो महिला दुनिया की नजरों में एक मेगास्टार थी, उसके दिन के सबसे बड़े दुख की वजह यह थी कि वह अपने बच्चे के जन्मदिन पर उसके साथ नहीं थी।

4 साल की उम्र से काम करने वाली श्रीदेवी बचपन से थीं बेहद शर्मीली

जाह्नवी कपूर ने बातचीत के दौरान मां श्रीदेवी के स्वभाव के कई और अनछुए पहलुओं पर से भी पर्दा उठाया। उन्होंने बताया कि भले ही कैमरे के सामने आते ही श्रीदेवी एक अलग ही ऊर्जा और आत्मविश्वास से भर जाती थीं, लेकिन असल जिंदगी में वह बचपन से ही बेहद शर्मीली इंसान थीं। उन्होंने महज 4 साल की छोटी सी उम्र से ही बाल कलाकार के रूप में कैमरे का सामना करना शुरू कर दिया था।

जाह्नवी आगे कहती हैं कि मां के इस समर्पण वाले पहलू को मैं सबसे ज्यादा मानती हूं। उन्होंने जब भी जिंदगी में जो कुछ भी करने का फैसला लिया, वह उसमें पूरी तरह डूब गईं। जब उन्होंने फिल्मों से ब्रेक लेकर घर संभालने और परिवार पर ध्यान देने का फैसला किया, तो उन्होंने खुद को पूरी तरह से बदल लिया। उन्होंने अपनी चकाचौंध भरी प्रोफेशनल लाइफ का शानदार चैप्टर पीछे छोड़ दिया और पूरी तरह से एक समर्पित मां और पत्नी की भूमिका निभाने में व्यस्त हो गईं। जाह्नवी ने बताया कि उन्होंने बचपन से अपनी मां को इसी रूप में देखा था और जब वे बच्चे बड़े हो गए, तब जाकर श्रीदेवी ने दोबारा अपनी प्रोफेशनल लाइफ की तरफ कदम बढ़ाए थे।

 

Tags: