नितेश तिवारी की 'रामायण' में विवेक ओबेरॉय ने क्यों छोड़ दी करोड़ों की फीस? विभीषण के किरदार के लिए अभिनेता ने उठाया यह नेक कदम, जानकर बढ़ जाएगा सम्मान
भारतीय सिनेमा जगत में इन दिनों जिस सबसे बड़े और बहुप्रतीक्षित प्रोजेक्ट की सबसे ज्यादा चर्चा हो रही है, वह निर्देशक नितेश तिवारी की महत्वाकांक्षी फिल्म 'रामायण' है। इस फिल्म को लेकर दर्शकों के बीच उत्साह का माहौल अपने चरम पर है, क्योंकि इसमें भारतीय फिल्म इंडस्ट्री के एक से बढ़कर एक दिग्गज कलाकार अपनी कला का जादू बिखेरते नजर आएंगे। हाल ही में फिल्म से जुड़े कई दिलचस्प खुलासे सामने आए हैं, जिनमें सबसे बड़ा सरप्राइज अभिनेता विवेक ओबेरॉय से जुड़ा हुआ है। इस महाकाव्य पर आधारित फिल्म में विवेक ओबेरॉय भगवान राम के परम भक्त और रावण के भाई विभीषण का महत्वपूर्ण किरदार निभाते हुए दिखाई देंगे। लेकिन जिस बात ने हर किसी का ध्यान अपनी ओर खींचा है, वह यह है कि विवेक ओबेरॉय ने इस बड़े किरदार को निभाने के लिए प्रोड्यूसर्स से एक भी रुपया बतौर फीस नहीं लिया है, जिसने साबित कर दिया है कि कला और आस्था के आगे कई बार पैसा गौण हो जाता है।
विवेक ओबेरॉय ने प्रोड्यूसर नमित मल्होत्रा से क्या कहा था?
अपने एक पुराने और चर्चित इंटरव्यू के दौरान प्रतिष्ठित मीडिया हाउस से बातचीत करते हुए विवेक ओबेरॉय ने इस राज से पर्दा उठाया था कि उन्होंने फिल्म के निर्माता नमित मल्होत्रा से क्या चर्चा की थी। अभिनेता ने बताया था कि जब इस प्रोजेक्ट के सिलसिले में उनकी बातचीत नमित मल्होत्रा से हुई, तो उन्होंने स्पष्ट रूप से कह दिया था कि उन्हें इस फिल्म के काम के लिए किसी भी प्रकार की आर्थिक मानदेय या फीस की आवश्यकता नहीं है। विवेक ने कहा कि वे इस फिल्म से व्यावसायिक रूप से नहीं जुड़ना चाहते, बल्कि वे चाहते हैं कि उनकी यह फीस किसी ऐसे नेक और कल्याणकारी कार्य में इस्तेमाल की जाए जिस पर उनका अटूट विश्वास हो। एक कलाकार के तौर पर इस तरह का उदार दृष्टिकोण दिखाना न केवल फिल्म इंडस्ट्री के लिए बल्कि समाज के लिए भी एक मिसाल पेश करता है, जिससे उनकी देशभक्ति और सामाजिक सरोकार की भावना साफ झलकती है।
कैंसर से जंग लड़ रहे बच्चों के नाम की अपनी फीस
विवेक ओबेरॉय ने आगे खुलकर बताया कि उन्होंने अपनी इस भारी-भरकम फीस को उन मासूम बच्चों के इलाज के लिए दान करने का फैसला किया जो वर्तमान में कैंसर जैसी गंभीर और जानलेवा बीमारी से कड़ा मुकाबला कर रहे हैं। उनका यह सोचना था कि यदि उनकी मेहनत और कला का थोड़ा सा भी हिस्सा किसी जरूरतमंद की जिंदगी बचाने के काम आ जाए, तो इससे बड़ा सौभाग्य उनके लिए कुछ नहीं हो सकता। विवेक का यह मानवीय पहलू सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद से उनके फैंस उनकी दरियादिली की जमकर तारीफ कर रहे हैं। लोग मान रहे हैं कि रामायण जैसे पवित्र और धार्मिक विषय पर बन रही फिल्म से जुड़ने का उनका यह तरीका वास्तव में रामायण के आदर्शों और संस्कारों के अनुकूल है, जो त्याग और परोपकार की सच्ची परिभाषा को चरितार्थ करता है।
ग्लोबल स्टेज पर भारतीय संस्कृति को भव्य तरीके से ले जाने का प्रयास
विवेक ओबेरॉय ने इसी बातचीत के दौरान यह भी साझा किया था कि वे इस फिल्म का हिस्सा क्यों बने। उन्होंने कहा कि जब उन्होंने नमित मल्होत्रा और नितेश तिवारी के विजन को देखा, तो उन्हें महसूस हुआ कि यह टीम भारतीय इतिहास और संस्कृति को दुनिया के पटल पर एक अभूतपूर्व और शानदार तरीके से पेश करने जा रही है। विवेक का मानना है कि रामायण जैसी महान गाथा सिर्फ एक फिल्म नहीं है, बल्कि यह हमारी सभ्यता का मूल आधार है और इसे ग्लोबल स्टेज पर जिस भव्यता के साथ प्रस्तुत किया जा रहा है, उसमें हर भारतीय को अपना योगदान देना चाहिए। वे इस ऐतिहासिक प्रोजेक्ट की पूरी टीम के दृष्टिकोण से बेहद प्रभावित थे और उनके इस विजन का समर्थन करना चाहते थे, यही वजह थी कि उन्होंने बिना किसी वित्तीय शर्त के इस फिल्म में काम करने की हामी भर दी।
स्टार-स्टडेड कास्ट: रणबीर से लेकर यश और साई पल्लवी तक का जलवा
नितेश तिवारी की 'रामायण' की स्टारकास्ट की बात करें तो यह भारतीय सिनेमा के इतिहास की सबसे बड़ी स्टारकास्ट में से एक मानी जा रही है। फिल्म में बॉलीवुड के सुपरस्टार रणबीर कपूर मर्यादा पुरुषोत्तम भगवान राम के किरदार में नजर आएंगे, जिनकी सादगी और अभिनय क्षमता का लोहा हर कोई मानता है। वहीं, साउथ की बेहद लोकप्रिय अभिनेत्री साई पल्लवी माता सीता के रूप में अपनी अदायगी से दर्शकों का दिल जीतने के लिए पूरी तरह तैयार हैं। इसके अलावा कन्नड़ सिनेमा के सुपरस्टार यश इस फिल्म में मुख्य खलनायक यानी लंकापति रावण के शक्तिशाली और खूंखार किरदार में दिखाई पड़ेंगे, जो पर्दे पर एक अलग ही रोमांच पैदा करेगा। फिल्म में इनके अलावा रकुलप्रीत सिंह, रवि दुबे, अभिनेता कुणाल कपूर, दिग्गज अभिनेता अरुण गोविल, खूबसूरत अदाकारा लारा दत्ता और एक्शन किंग सनी देओल जैसे कलाकार भी अहम भूमिकाओं में नजर आने वाले हैं, जिससे फिल्म का कद और अधिक बढ़ गया है।
शानदार ग्राफिक्स और 4000 करोड़ के भारी-भरकम बजट की चर्चा
इस फिल्म के स्केल का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि इसका कुल बजट लगभग 4000 करोड़ रुपये के आसपास बताया जा रहा है, जो इसे भारतीय सिनेमा के इतिहास की सबसे महंगी फिल्मों की श्रेणी में खड़ा करता है। फिल्म के मेकर्स ने इसके विजुअल इफेक्ट्स और ग्राफिक्स पर पानी की तरह पैसा बहाया है ताकि दर्शकों को एक ऐसा विजुअल ट्रीट मिल सके जो हॉलीवुड की बड़ी फैंटेसी फिल्मों को भी टक्कर दे सके। हाल ही में जब इस फिल्म का शुरुआती प्रीव्यू या ट्रेलर जैसी झलकियां सामने आईं, तो सोशल मीडिया पर नेटिज़न्स और तकनीकी विशेषज्ञों ने नितेश तिवारी और नमित मल्होत्रा की जमकर तारीफ की। फिल्म के शानदार ग्राफिक्स, सेट डिजाइन और सिनेमैटोग्राफी ने यह साबित कर दिया है कि यह फिल्म भारतीय सिनेमा के तकनीकी मानकों को पूरी तरह से बदलकर रख देगी और दुनियाभर के दर्शकों को अपनी ओर आकर्षित करेगी।
दो भागों में रिलीज होगी फिल्म और दर्शकों की भारी उम्मीदें
सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार, 'रामायण' को मेकर्स ने एक साथ बड़े पर्दे पर उतारने के बजाय दो अलग-अलग भागों में रिलीज करने की योजना बनाई है। इसका पहला पार्ट बहुत जल्द सिनेमाघरों में दस्तक देने वाला है, जबकि इसका दूसरा भाग अगले साल रिलीज किया जाएगा। फिल्म के पहले पार्ट को लेकर दर्शकों की दीवानगी इस कदर बढ़ चुकी है कि इसकी एडवांस बुकिंग और चर्चाएं अभी से सुर्खियां बटोरने लगी हैं। लोगों के मन में यह उत्सुकता भी साफ देखी जा रही है कि क्या यह फिल्म बॉक्स ऑफिस पर नए कीर्तिमान स्थापित करेगी या नहीं। कुल मिलाकर, विवेक ओबेरॉय के निस्वार्थ योगदान, 4000 करोड़ के मेगा बजट, अत्याधुनिक ग्राफिक्स और रणबीर-यश जैसे दिग्गजों के संगम से सजी 'रामायण' भारतीय सिनेमा का कायाकल्प करने के लिए पूरी तरह तैयार है, और दर्शक इस ऐतिहासिक cinematic experience का हिस्सा बनने के लिए बेहद बेताब हैं।