ममता बनर्जी का आक्रामक रुख: बरुईपुर रेप-मर्डर केस में न्याय के लिए निकाला कैंडल मार्च, आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग

ममता बनर्जी का आक्रामक रुख: बरुईपुर रेप-मर्डर केस में न्याय के लिए निकाला कैंडल मार्च, आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग

पश्चिम बंगाल के बरुईपुर में 11 वर्षीय छात्रा के साथ हुई दरिंदगी ने पूरे राज्य को झकझोर कर रख दिया है। मामले की गंभीरता को देखते हुए पूर्व मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने सड़कों पर उतरकर मोर्चा खोल दिया है। कालीघाट स्थित अपने आवास से ममता ने कैंडल मार्च निकाला और पीड़िता को न्याय दिलाने की पुरजोर मांग की। उन्होंने राज्य सरकार की मंशा पर सवाल उठाते हुए इसे वीभत्स घटना करार दिया।

टीएमसी नेताओं का पीड़िता के परिवार को समर्थन

ममता बनर्जी के निर्देश पर टीएमसी के वरिष्ठ नेताओं के एक प्रतिनिधिमंडल ने बरुईपुर पहुंचकर पीड़िता के परिवार से मुलाकात की। नेताओं ने पीड़ित माता-पिता को कानूनी और हर संभव मदद का भरोसा दिया है। बिमान बनर्जी, डोला सेन और प्रतिमा मंडल सहित अन्य नेताओं ने आरोप लगाया कि ममता बनर्जी को परिवार से मिलने से रोकने के लिए पुलिस ने बैरिकेडिंग की थी, जो बेहद दुर्भाग्यपूर्ण है।

बरुईपुर में तनाव और एसआईटी का गठन

बरुईपुर और आसपास के क्षेत्रों में अभी भी तनाव बरकरार है। हिंसा और तोड़फोड़ के बाद धारा-163 लागू है। मामले की जांच के लिए छह सदस्यीय एसआईटी का गठन किया गया है। पुलिस ने मुख्य आरोपी आनंद सरदार सहित कई संदिग्धों को गिरफ्तार कर लिया है। मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी ने दोषियों को फांसी की सजा दिलाने का वादा किया है और हिंसा भड़काने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई के संकेत दिए हैं।